Hum bure hai shayari

Hum bure hai shayari

Hum bure hai shayari

Haan Hum Bure Hai Mat Karo Pyaar Humse

Chorrkar Chale Jayenge Tumko Kasam Se

हां हम बुरे हैं मत करो प्यार हमसे 

छोड़कर चले जाएंगे तुमको कसम से

Yoon Toh Unki Najar Mein Hum Bure Hai

Magar Unke Bager Hum Adhure Hai

यूं तो उनकी नजर में हम बुरे हैं 

मगर उनके बगैर हम अधूरे हैं

Kareeb Mat Aaya Karo Hamare Hum Bohot Bure Hai

Thode Se Nahi Pure Ke Pure Hai

करीब मत आया करो हमारे हम बहुत बुरे हैं 

थोड़े से नहीं पूरे के पूरे हैं

 

Hum bure hai shayari

Haan Hoon Main Bura Tum Toh Bhare Ho Acchayi Se

Kamiyan Nikalte Firte Ho Mujhmein Bhagte Kyun Firte Ho Apni Sacchai Se

हां हूं मैं बुरा तुम तो भरे हो अच्छाई से 

कमियां निकालते फिरते हो मुझमें भागते क्यों फिरते हो अपनी सच्चाई से

Hum Bure Hai Bohot Bolo Kya Karoge

Banakar Accha Hume Humse Byah Karoge

हम बुरे हैं बहोत बोलो क्या करोगे 

बनाकर अच्छा हमें हमसे ब्याह करोगे

Chubh Jayenge Tumhe Chure Hai

Kareeb Mat Aana Hamare Hum Bohot Bure Hai

चुभ जाएंगे तुम्हें छूरे हैं 

करीब मत आना हमारे हम बहुत बुरे हैं

 

Hum bure hai shayari

Accha Karoge Toh Bura Hoga Duniya Se Humne Li Yahi Seekh Hai

Hume Nahi Banna Accha Hum Bure Hi Theek Hai

अच्छा करोगे तो बुरा होगा दुनिया से हमने ली यही सीख है

हमें नहीं बनना अच्छा हम बुरे ही ठीक है

Main Dekh Raha Hoon Band Padi Hai Maati Der Se Khol Apni Aankh Ko

Mujhe Bura Kehne Waale Thoda Apne Andar Bhi Jhank Lo

मैं देख रहा हूं बंद पड़ी है मत्ती देर से खोल अपनी आंख को 

मुझे बुरा कहने वाले थोड़ा अपने अंदर भी झांक लो

Hum Bure Hai Toh Hai Koi Upaay

Agar Nahi Pasand Chale Jaate Hai Byy

हम बुरे हैं तो है कोई उपाय 

अगर नहीं पसंद चले जाते हैं बाय

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